ब्यूरो चीफ : नर्मदेश्वर प्रसाद चौधरी की रिपोर्ट

 उत्तर प्रदेश के गाजीपुर शहर के ददरीघाट के पास गंगा नदी में लकड़ी के बॉक्स में मिली नवजात बच्ची की देखभाल योगी सरकार करेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि नाविक गुल्लू मल्लाह ने बालिका को बचाकर मानवता का अनुपम उदाहरण पेश किया है। इसके लिए प्रदेश सरकार उन्हें धन्यवाद ज्ञापित करते हुए आवास की सुविधा देगी। इसके अलावा सीएम योगी ने अन्य पात्र योजनाओं से भी उसे तत्काल लाभान्वित कराने के निर्देश दिए हैं। सीएम ने कहा कि इस बच्ची का चिल्ड्रेन होम में अच्छे से पालन किया जाएगा।

एक मां ने जाने किस लाचारी में अपनी 21 दिन की नवजात बच्ची को लकड़ी के छोटे से बाक्स में रखकर गंगा में बहा दिया। सोमवार सुबह गाजीपुर के ददरीघाट के पास गुल्लू मल्लाह ने गंगा में तैरता बाक्स निकाला तो उसमें चुनरी में लिपटी एक बच्ची मिली। गुल्लू ने बच्ची को सीने से लगाया और अपने घर ले गए। हालांकि सूचना मिलने पर पुलिस ने बच्ची को अपने संरक्षण में ले लिया। फिलहाल चाइल्ड लाइन ने बच्ची को जिला महिला चिकित्सालय स्थित एसएनसीयू में भर्ती कराया है।

गंगा में कूद पड़े गुल्लू और निकाल लगाए बॉक्स : गाजीपुर के ददरीघाट निवासी गुल्लू मल्लाह नौका संचालित करने के साथ ही वह गंगा की पूजा करने आई महिलाओं का सहयोग भी करते हैे। रोज की तरह सोमवार सुबह दस बजे वह घाट पर ही थे। तभी कुछ लोगों ने बताया कि गंगा में एक बाक्स बहता हुआ जा रहा है और उसमें से बच्चे के रोने की आवाज आ रही है। यह सुनकर गुल्लू गंगा में कूद पड़े और बाक्स को खींचकर बाहर ले आए। मौके पर तब तक काफी भीड़ जुट चुकी थी।

लकड़ी के बॉक्स में रो रही थी बच्ची : गुल्लू मल्लाह ने बाक्स खोला तो सभी हैरान रह गए। एक नवजात बच्ची जोर-जोर से रो रही थी। उसे चुनरी में लपेटा गया था। बाक्स में मां दुर्गा के चित्र के साथ एक पत्र भी था, जिस पर लिखा था-‘मां गंगा, आप अपनी गोद में ले ले ।