आज आप किसी को भी कॉल करते हैं तो अमिताभ बच्चन की आवाज सुनाई देती हैं लेकिन अब यी आवाज आम लोगों के लिए परेशानी बन गयी हैं.

दरअसल कोरोना से बचने के लिए रिकॉर्डेड सावधानी संदेश को हटाने की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट 18 जनवरी को सुनवाई करेगा। यह मामला चीफ जस्टिस डीएन पटेल और जस्टिस ज्योति सिंह की खंडपीठ के समक्ष सूचीबद्ध था, लेकिन याचिकाकर्ता ने सुनवाई को स्थगित करने की मांग की थी, क्योंकि जज मामले की भौतिक तौर पर सुनवाई नहीं कर रहे थे।

लिहाजा कोर्ट ने मामले को 18 जनवरी को सुनने की तारीख दी है। अधिवक्ता एके दुबे और पवन कुमार ने अपनी याचिका में कहा है कि वे इस तरह के कॉलर ट्यून से परेशान सभी करदाताओं की ओर से जनहित याचिका दायर कर रहे हैं।

दलील में दावा किया गया है कि भारत की मोदी सरकार ने बच्चन को कोरोना वायरस से बचने के उपाय बोलने के लिए फीस दी है। बच्चन का यह रिकॉर्डेड संदेश फोन कॉल कनेक्ट होने से पहले सुनाया जाता है।